रतलाम
रतलाम जिले की कनेरी ग्राम पंचायत के सचिव सत्यनारायण सेन को उज्जैन लोकायुक्त की टीम ने सोमवार रात करीब 8 बजे रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया।
कार्रवाई रतलाम शहर के तेजा नगर स्थित उनके निवास पर की गई। सचिव जमीन के नामांतरण (म्यूटेशन) और नक्शा पास कराने के एवज में रिश्वत की मांग कर रहे थे।
जानकारी के अनुसार रतलाम निवासी प्रेम जैसवार ने 18 फरवरी को उज्जैन लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक के समक्ष शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि उन्होंने मां विंध्यवासिनी ड्रीम सिटी कॉलोनी में दो भूखंड (बी-41 और 96) खरीदे हैं। इनमें से एक भूखंड पर भवन निर्माण की अनुमति दिलाने और दूसरे का ग्राम पंचायत में नामांतरण कराने के लिए सचिव सत्यनारायण सेन द्वारा 5,000 रुपये रिश्वत की मांग की जा रही थी।
शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त टीम ने 23 फरवरी को मामले की प्राथमिक जांच की, जिसमें शिकायत सही पाई गई। इसके बाद लोकायुक्त ने ट्रैप की योजना बनाई।
तय योजना के अनुसार सोमवार रात प्रेम जैसवार 4,500 रुपये लेकर तेजा नगर स्थित सचिव के घर पहुंचे। जैसे ही उन्होंने रिश्वत की राशि सचिव को दी और सचिव ने रुपये टेबल पर रखे, तभी पहले से घात लगाए लोकायुक्त दल ने दबिश देकर उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया।
इस कार्रवाई में उज्जैन लोकायुक्त के डीएसपी दिनेश चंद्र पटेल के नेतृत्व में टीम ने ऑपरेशन को अंजाम दिया। टीम में निरीक्षक हीना डावर, प्रधान आरक्षक हितेश ललावत तथा आरक्षक श्याम शर्मा, संजीव कुमारिया और इसरार शामिल रहे।
डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल ने बताया कि ट्रैप पूरी तरह सफल रहा और आरोपी सचिव के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त की एक महत्वपूर्ण सफलता मानी जा रही है।
Crime reporter Jitendra Kumawat