रतलाम / सैलाना। जनजातीय युवाओं को हुनरमंद बनाकर उन्हें रोजगार की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में सरकार की महत्वाकांक्षी पहल धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत सैलाना में ओसीन परिसर में कौशल और रोजगार का भव्य संगम देखने को मिला। यहां जनजातीय कौशल केंद्र द्वारा कौशल दीक्षांत समारोह एवं विशाल रोजगार मेले का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवा, प्रशिक्षार्थी, प्रशिक्षण केंद्रों के अनुदेशक-अनुदेशिकाएं और अतिथि शामिल हुए।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि जनपद पंचायत सैलाना की अध्यक्ष श्रीमती कैलाशी बाई चारेल ने सरकार की इस महत्वपूर्ण पहल की सराहना करते हुए कहा कि जनजातीय क्षेत्रों के युवाओं को कौशल प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में यह अभियान महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने उपस्थित युवाओं और जनसमुदाय से योजना का अधिक से अधिक लाभ लेने तथा इसके प्रचार-प्रसार का आह्वान किया।
समारोह में वर्ष 2025-26 के विभिन्न ट्रेड्स में प्रशिक्षण प्राप्त कर सफल हुए कुल 900 प्रशिक्षार्थियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। प्रमाण पत्र प्राप्त करते समय युवाओं में उत्साह और खुशी का माहौल नजर आया। विशेष अतिथि कल्पना पुरोहित ने जनजातीय कौशल केंद्र की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी देते हुए कौशल प्रमाण पत्र के महत्व और इससे मिलने वाले रोजगार के अवसरों पर प्रकाश डाला।
जनजातीय कौशल केंद्र के निदेशक रघुवीर सिंह सिसोदिया ने युवाओं का मार्गदर्शन करते हुए प्लेसमेंट, रोजगार के विभिन्न अवसरों और भविष्य में कौशल के क्षेत्र में उपलब्ध संभावनाओं की जानकारी दी। उन्होंने युवाओं को प्रशिक्षण के बाद प्राप्त अवसरों का बेहतर उपयोग कर आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया।
कौशल दीक्षांत समारोह के पश्चात परिसर में विशाल रोजगार मेले का आयोजन किया गया। रोजगार मेले में बदनावर की प्रसिद्ध जील कंपनी सहित कई अन्य कंपनियों के प्रतिनिधियों ने सहभागिता की। विभिन्न प्रशिक्षण केंद्रों के अनुदेशक एवं अनुदेशिकाएं अपने-अपने क्षेत्रों के प्रशिक्षार्थियों के साथ रोजगार मेले में पहुंचे। कंपनियों के प्रतिनिधियों ने युवाओं से संवाद कर रोजगार के अवसरों और चयन प्रक्रिया की जानकारी दी। इससे प्रशिक्षण प्राप्त युवाओं को सीधे रोजगारदाताओं से जुड़ने का महत्वपूर्ण अवसर मिला।
कार्यक्रम में कार्यक्रम अधिकारी शंकर सिंह चंद्रावत, लेखापाल नितेश शर्मा, कार्यक्रम सहायक धनपाल शर्मा, नरेंद्र सिंह देवड़ा, राखी नागर, प्रिंस रजक, महेश गोरिया सहित सभी अनुदेशक-अनुदेशिकाएं एवं बड़ी संख्या में प्रशिक्षणार्थी मौजूद रहे।
कार्यक्रम का कुशल संचालन धनपाल शर्मा ने किया। अंत में सहायक कार्यक्रम अधिकारी शुभम सिखवाल ने सभी अतिथियों, अधिकारियों, प्रशिक्षकों, कंपनियों के प्रतिनिधियों एवं उपस्थित प्रशिक्षणार्थियों का आभार व्यक्त किया।
समारोह का समापन राष्ट्रगीत वंदे मातरम के सामूहिक गायन के साथ हुआ।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत