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डूँगरपुर जिले के ग्रामीण अंचलों में विकास की क्या स्थिति है और जल संकट से निपटने के लिए धरातल पर क्या काम हो रहा है? इसी का जायजा लेने के लिए आज चक मवड़ी क्षेत्र में स्थानीय मीडिया प्रतिनिधियों का एक विशेष दल पहुँचा। यहाँ आयोजित मीडिया भ्रमण कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों ने सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और जल संरक्षण के प्रोजेक्ट्स का बारीकी से निरीक्षण किया। जिले के चक मवड़ी में आज विकास की एक नई तस्वीर देखने को मिली। मीडिया की टीम ने यहाँ चल रहे विभिन्न विकास कार्यों को धरातल पर परखा। अधिकारियों ने टीम को जानकारी दी कि क्षेत्र में जल संकट को देखते हुए जल संरक्षण के कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। गाँव की दीवारों पर लिखे जल ही जीवन है जैसे प्रेरक संदेश केवल स्लोगन नहीं, बल्कि यहाँ की कार्ययोजना का हिस्सा हैं। प्रशासन का लक्ष्य इन संदेशों के माध्यम से ग्रामीणों को पानी की हर एक बूँद की कीमत समझाना और उन्हें जागरूक करना है। प्रथम चरण के तहत हुए कार्यों का निरीक्षण करने के बाद यह उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले समय में स्थानीय जलस्तर में सुधार होगा। इससे न केवल पेयजल संकट दूर होगा, बल्कि खेती-बाड़ी के लिए भी पानी उपलब्ध रहेगा। निश्चित रूप से, डूँगरपुर के चक मवड़ी में जल संरक्षण के लिए किए जा रहे ये प्रयास भविष्य के लिए एक मिसाल साबित होंगे। रिपोर्ट : भरत पंड्या |
डूँगरपुर जिले के ग्रामीण अंचलों में विकास की क्या स्थिति है और जल संकट से निपटने के लिए धरातल पर क्या काम हो रहा है? इसी का जायजा लेने के लिए आज चक मवड़ी क्षेत्र में स्थानीय मीडिया प्रतिनिधियों का एक विशेष दल पहुँचा। यहाँ आयोजित मीडिया भ्रमण कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों ने सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और जल संरक्षण के प्रोजेक्ट्स का बारीकी से निरीक्षण किया।
जिले के चक मवड़ी में आज विकास की एक नई तस्वीर देखने को मिली। मीडिया की टीम ने यहाँ चल रहे विभिन्न विकास कार्यों को धरातल पर परखा। अधिकारियों ने टीम को जानकारी दी कि क्षेत्र में जल संकट को देखते हुए जल संरक्षण के कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। गाँव की दीवारों पर लिखे जल ही जीवन है जैसे प्रेरक संदेश केवल स्लोगन नहीं, बल्कि यहाँ की कार्ययोजना का हिस्सा हैं। प्रशासन का लक्ष्य इन संदेशों के माध्यम से ग्रामीणों को पानी की हर एक बूँद की कीमत समझाना और उन्हें जागरूक करना है।
प्रथम चरण के तहत हुए कार्यों का निरीक्षण करने के बाद यह उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले समय में स्थानीय जलस्तर में सुधार होगा। इससे न केवल पेयजल संकट दूर होगा, बल्कि खेती-बाड़ी के लिए भी पानी उपलब्ध रहेगा।
निश्चित रूप से, डूँगरपुर के चक मवड़ी में जल संरक्षण के लिए किए जा रहे ये प्रयास भविष्य के लिए एक मिसाल साबित होंगे।
रिपोर्ट : भरत पंड्या