रतलाम
गौ सेवा, सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक जागरण के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से रतलाम में एक भव्य धार्मिक आयोजन की शुरुआत हुई। गौ सेवा सम्मान आवाह्न अभियान के तहत दीनदयाल नगर के समीप स्थित विश्वकर्मा पार्क, सेफ़ी नगर में आयोजित होने वाली 7 दिवसीय श्री गौ माता कथा एवं दिव्य दरबार के लिए भूमि पूजन एवं पंडाल निर्माण का शुभारंभ वैदिक विधि-विधान और मंत्रोच्चार के साथ सम्पन्न हुआ।
इस अवसर पर गौक्रांतिकारी संत स्वामी श्री गौशरणानन्द सरस्वती जी महाराज (कामधेनु शक्ति पीठ, सूजापुर) ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि “गौ माता हमारी संस्कृति, आस्था और जीवन का आधार है। गौ माता के बिना मानव जीवन की कल्पना भी संभव नहीं है। गौ संरक्षण और गौ सेवा केवल धार्मिक कार्य नहीं, बल्कि राष्ट्र और समाज के उत्थान का माध्यम है।”
उन्होंने कहा कि अधिक मास में गौ माता की कथा का श्रवण करने से भगवान श्रीकृष्ण की विशेष कृपा प्राप्त होती है और जीवन में सुख, शांति तथा आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त होता है। भगवान श्रीकृष्ण स्वयं गौ प्रेम और गौ सेवा के प्रतीक रहे हैं, इसलिए गौ माता की महिमा का श्रवण एवं स्मरण अत्यंत पुण्यदायी माना गया है।
भूमिपूजन से पूर्व सभी गौ भक्तों ने भगवान श्री हरि हरकेश्वर महादेव का वैदिक मंत्रोच्चार के साथ अभिषेक किया तथा प्रथम आमंत्रण पत्रिका समर्पित कर समस्त देवी-देवताओं से कथा में पधारने और आयोजन की सफलता का आशीर्वाद प्रदान करने की प्रार्थना की। इस दौरान साध्वी दीदी श्री धेनु प्रिया जी एवं संत श्री कृष्णानंद जी महाराज ने भी अपने आशीर्वचन प्रदान किए और गौ सेवा के महत्व पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में राधेश्याम बोदलिया, समाजसेवी जनक नागल, सामाजिक कार्यकर्ता अनिल पुरोहित, राहुल हाड़ा, हेमंत शर्मा, उमेश शिवाल, नंदकिशोर सांखला, ललित गोस्वामी, मुकुंद पंवार, जगदीश शर्मा, पंडित सतीश शर्मा, संतोष शर्मा, धर्मेंद्र शर्मा, सरोज शिवाल, शकुंतला शिवाल, रेखा गौतम, संगीता पलड़िया, पिंकी लखाटा, रीना कुमावत, जया बहन, अनिता कुमावत, हिम्मत गोयल, संगीता गावड़े, प्रवीण नागल, सर्वी रानीवाल, मनोज टॉक एवं विक्रम कठेड सहित बड़ी संख्या में गौ भक्त, समाजसेवी एवं धर्मप्रेमी श्रद्धालु उपस्थित रहे।
आयोजकों के अनुसार आगामी दिनों में होने वाली 7 दिवसीय श्री गौ माता कथा एवं दिव्य दरबार में हजारों श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। यह आयोजन न केवल गौ सेवा और गौ संरक्षण का संदेश देगा, बल्कि समाज में धार्मिक, सांस्कृतिक और नैतिक मूल्यों के संवर्धन का भी महत्वपूर्ण माध्यम बनेगा। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह और भक्ति का वातावरण दिखाई दे रहा है।
रिपोर्टर : जितेन्द्र कुमावत