रतलाम / जावरा। नशे के अवैध कारोबार से करोड़ों की संपत्ति खड़ी करने वालों के लिए रतलाम पुलिस ने एक बार फिर कड़ा संदेश दिया है। पुलिस ने डोडाचूरा तस्करी के मामले में आरोपी रमजानी खान की करीब 1 करोड़ 20 लाख रुपये मूल्य की तीन संपत्तियों को फ्रीज कराने में बड़ी सफलता हासिल की है। खास बात यह है कि कार्रवाई के दायरे में आरोपी की पत्नी के नाम दर्ज कृषि भूमि भी शामिल है। सक्षम प्राधिकारी एवं प्रशासक SAFEMA/NDPSA, मुंबई ने 2 नवंबर 2026 को एनडीपीएस अधिनियम की धारा 68F(2) के तहत संपत्तियों को फ्रीज करने की पुष्टि कर दी है।
रतलाम पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विवेक कुमार लाल के मार्गदर्शन में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत यह महत्वपूर्ण कार्रवाई की गई है। पुलिस का उद्देश्य केवल तस्करों को गिरफ्तार कर जेल भेजना ही नहीं, बल्कि नशे के कारोबार से खड़ी की गई उनकी आर्थिक सल्तनत को भी कानूनी कार्रवाई के जरिए कमजोर करना है।
256 किलो 800 ग्राम डोडाचूरा तस्करी से जुड़ा है मामला
यह कार्रवाई थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा के अपराध क्रमांक 545/2019 से संबंधित है। इस प्रकरण में आरोपी रमजानी खान पिता गुलाब खान के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की धारा 8, 15, 25, 27, 29 एवं 31 के तहत प्रकरण दर्ज है। आरोपी से जुड़े इस मामले में 256 किलो 800 ग्राम डोडाचूरा (पोस्त भूसा) की तस्करी का मामला सामने आया था। इसी प्रकरण में तस्करी से अर्जित संपत्तियों को फ्रीज कराने के लिए पुलिस ने SAFEMA प्राधिकरण के समक्ष वैधानिक कार्रवाई की थी।
तीन संपत्तियां, कीमत 1.20 करोड़ रुपये
फ्रीज की गई संपत्तियों में ग्राम उमटपालिया, थाना जावरा स्थित तीन संपत्तियां शामिल हैं। इनमें सर्वे नंबर 202/1 की 0.28 हेक्टेयर कृषि भूमि, जिसकी अनुमानित कीमत 50 लाख रुपये है। दूसरी संपत्ति भूमि क्रमांक 31 है, जिसकी कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई गई है। वहीं तीसरी संपत्ति सर्वे नंबर 202/2 की 0.28 हेक्टेयर कृषि भूमि है, जिसकी कीमत लगभग 50 लाख रुपये है। यह संपत्ति आरोपी की पत्नी के नाम पर दर्ज बताई गई है। तीनों संपत्तियों का कुल अनुमानित मूल्य 1 करोड़ 20 लाख रुपये है।
100 करोड़ से अधिक की संपत्तियां कार्रवाई के निशाने पर
रतलाम पुलिस की इस कार्रवाई का सबसे बड़ा पहलू यह है कि नशे के कारोबार पर अब केवल गिरफ्तारी और मुकदमे तक कार्रवाई सीमित नहीं है। पुलिस तस्करी से अर्जित अवैध संपत्तियों को भी चिह्नित कर SAFEMA के माध्यम से फ्रीज कराने की दिशा में काम कर रही है। पुलिस के अनुसार अब तक 100 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्तियों को फ्रीज कराने के लिए प्रकरण SAFEMA कोर्ट भेजे जा चुके हैं। इनमें से लगभग 39 करोड़ 24 लाख रुपये मूल्य की संपत्तियों को फ्रीज करने के आदेश जारी हो चुके हैं।
टीम की रही अहम भूमिका
इस कार्रवाई में थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा के निरीक्षक सुमित मिश्रा, सहायक उपनिरीक्षक दिनेश चंद्र नागर, प्रधान आरक्षक मनीषा पाटीदार एवं आरक्षक सुनीता जाट की सराहनीय भूमिका रही।
रतलाम पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त रहे अन्य लोगों को भी चिह्नित किया जा रहा है। उनके द्वारा अवैध गतिविधियों से अर्जित संपत्तियों के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत