रतलाम/सैलाना। एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में कक्षा 12वीं की छात्रा वर्षा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला अब गंभीर सवालों के घेरे में है। छात्रा की मौत के बाद विद्यार्थियों और परिजनों के धरना-प्रदर्शन तथा रतलाम-सैलाना मुख्य मार्ग पर चक्काजाम के बाद अब सैलाना विधायक कमलेश्वर डोडियार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी रतलाम को पत्र भेजकर निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।
विधायक डोडियार ने 16 सितंबर 2026 को जारी पत्र क्रमांक 646/VIP/2026 में कहा कि एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में अध्ययनरत कक्षा 12वीं की करीब 18 वर्षीय छात्रा वर्षा पिता टीकाराम सोलंकी निवासी मेवाड़ पंथ, जिला देवास की मृत्यु की पूरी परिस्थितियों की जांच आवश्यक है।
पत्र के अनुसार 15 सितंबर को छात्रा अर्थशास्त्र की अर्धवार्षिक परीक्षा देने परीक्षा कक्ष में गई थी। परीक्षा से पहले जांच के दौरान उसके पास से नकल की पर्ची मिलने की बात सामने आई, जिसके बाद उसे परीक्षा कक्ष से बाहर कर हॉस्टल भेज दिया गया। परीक्षा समाप्त होने के बाद रूममेट्स के कमरे में पहुंचने पर छात्रा फांसी के फंदे पर लटकी मिली।
घटना के बाद विद्यालय परिसर में विद्यार्थियों और परिजनों ने धरना दिया तथा बाद में रतलाम-सैलाना मुख्य मार्ग पर चक्काजाम भी किया। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में प्राचार्य, वार्डन एवं संबंधित शिक्षिका की भूमिका की जांच तथा पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता शामिल रही।
परीक्षा कक्ष से हॉस्टल तक की पूरी टाइमलाइन जांचने की मांग
विधायक ने कलेक्टर से मांग की है कि घटना की जांच किसी सक्षम वरिष्ठ अधिकारी अथवा उच्चस्तरीय समिति से कराई जाए। जांच पूरी होने तक संबंधित प्राचार्य, वार्डन और परीक्षा ड्यूटी में तैनात शिक्षिका की भूमिका की भी जांच की जाए।
उन्होंने विशेष रूप से परीक्षा कक्ष से छात्रा को बाहर किए जाने के बाद उसके हॉस्टल पहुंचने और घटना घटित होने तक की पूरी टाइमलाइन खंगालने की मांग की है। साथ ही परीक्षा कक्ष, हॉस्टल और विद्यालय परिसर में लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग तत्काल सुरक्षित कराने की बात कही है, ताकि जांच के दौरान महत्वपूर्ण साक्ष्य सुरक्षित रह सकें।
रूममेट्स, शिक्षकों और वार्डन के बयान हों दर्ज
पत्र में छात्रा की रूममेट्स, सहपाठियों, शिक्षकों, वार्डन तथा घटना के प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज कराने की मांग की गई है। विधायक ने कहा कि छात्रा के परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों और विद्यालय प्रबंधन की भूमिका की स्वतंत्र जांच की जानी चाहिए। यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही, कर्तव्य में चूक अथवा नियम विरुद्ध आचरण सामने आता है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
जांच में पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल रिपोर्ट, घटनास्थल से मिले साक्ष्य तथा उपलब्ध इलेक्ट्रॉनिक और दस्तावेजी साक्ष्यों को शामिल करने की मांग भी की गई है।
अन्य छात्राओं की सुरक्षा और काउंसलिंग पर भी जोर
विधायक डोडियार ने घटना को केवल एक छात्रा की मृत्यु तक सीमित न रखते हुए आवासीय विद्यालयों में छात्र-छात्राओं की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य व्यवस्था की समीक्षा की मांग की है। उन्होंने एकलव्य सहित जिले के अन्य आवासीय विद्यालयों में हॉस्टल सुरक्षा, वार्डन की उपलब्धता, CCTV, विद्यार्थियों की निगरानी और आपातकालीन सहायता व्यवस्था का विशेष निरीक्षण कराने को कहा है।
साथ ही विद्यालय में अध्ययनरत छात्राओं के लिए तत्काल काउंसलिंग की व्यवस्था करने तथा परीक्षा, अनुशासन या किसी अन्य समस्या की स्थिति में विद्यार्थियों को सुरक्षित तरीके से अपनी बात संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने की व्यवस्था विकसित करने की मांग की है।
विधायक ने पीड़ित परिवार को शासन के प्रचलित नियमों के अनुसार उचित आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने और प्रशासन की ओर से हरसंभव सहयोग देने की मांग भी रखी है। उन्होंने कलेक्टर से मामले में तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी कर की गई कार्रवाई से उन्हें अवगत कराने का अनुरोध किया है।
अब पूरे मामले में प्रशासन की जांच और विद्यालय प्रबंधन की भूमिका पर होने वाली कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत