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नीमच जिले के तीन वृंदावन ग्रामों में आयोजित हुई दुग्ध दोहन प्रतियोगिता,9 नवंबर को गोवर्धन पूजन कार्यक्रमों में होगा सम्मान नीमच । मध्यप्रदेश को दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने के उद्देश्य से संचालित गोपाल-कृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना के तहत नीमच जिले के तीन चयनित वृंदावन ग्रामों में दुग्ध दोहन प्रतियोगिता आयोजित की गई। पशुपालन एवं डेयरी विभाग द्वारा 30 एवं 31 अक्टूबर को आयोजित प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले पशुपालकों को अब एक लाख रुपये तक के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। योजना के अंतर्गत नीमच विकासखंड के पालसोडा, मनासा के कंजार्डा तथा जावद के झांतला ग्राम में प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। प्रत्येक ग्राम में सर्वाधिक दुग्ध उत्पादन करने वाले पशुपालकों को प्रथम पुरस्कार के रूप में एक लाख रुपये, द्वितीय पुरस्कार 50 हजार रुपये और तृतीय पुरस्कार 25 हजार रुपये प्रदान किए जाएंगे। गोवर्धन पूजन कार्यक्रमों में होगा सम्मान प्रतियोगिता के विजेताओं को विकासखंड स्तरीय गोवर्धन पूजन कार्यक्रमों में सम्मानित किया जाएगा। इसके अंतर्गत जावद विकासखंड की श्री नारायण गौशाला, कछाला में विधायक श्री ओमप्रकाश सकलेचा,नीमच विकासखंड की वृंदावन गौशाला,चल्दू में विधायक श्री दिलीप सिंह परिहार तथा मनासा की श्री गोवर्धन गौशाला में विधायक श्री अनिरुद्ध माधव मारू के मुख्य आतिथ्य में कार्यक्रम आयोजित होंगे।इन अवसरों पर जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति में विजेता पशुपालकों को पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। पशुपालन को लाभकारी बनाने की पहल गोपाल-कृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना के माध्यम से भारतीय गोवंश की नस्लों को प्रोत्साहन देने के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने और पशुपालन को अधिक लाभकारी बनाने पर जोर दिया जा रहा है। प्रतियोगिता के जरिए पशुपालकों को बेहतर पशु प्रबंधन एवं दुग्ध उत्पादन के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में डेयरी गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ पशुपालकों की आय में वृद्धि के अवसर भी सृजित होंगे। |